डेढ़ साल से भाजपा-गठबंधन सरकार जानबूझकर निकाय और पंचायत चुनावों को टालती रही है: अभय सिंह चौटाला

डेढ़ साल से भाजपा-गठबंधन सरकार जानबूझकर निकाय और पंचायत चुनावों को टालती रही है: अभय सिंह चौटाला

भाजपा गठबंधन सरकार की प्रदेश में आगे भी निकाय और पंचायती राज संस्थानों के चुनाव कराने की कोई मंशा नहीं हैं

पिछले डेढ़ साल के दौरान भाजपा गठबंधन सरकार के मंत्रियों ने अधिकारियों के साथ मिल कर पंचायत विभाग और निकायों में जम कर लूट मचाई और हजारों करोड़ के घोटाले किए गए

शहरों में अमृत योजना के तहत भी बहुत बड़े घोटाले किए गए जिसमें पीने के पानी की और पानी निकासी की पाइपलाइन बिछाने के काम में करोड़ों रूपए के घोटाले किए गए

पिछले डेढ़ साल के दौरान निकाय और पंचायती राज संस्थानों में किए गए सभी घोटालों की न्यायिक जांच हो

चंडीगढ़, 18 मई रवि पथ :

इनेलो प्रधान महासचिव एवं ऐलनाबाद के विधायक अभय सिंह चौटाला ने निकाय और पंचायती राज संस्थानों के चुनाव करवाने के पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि भाजपा गठबंधन सरकार की प्रदेश में निकाय और पंचायती राज संस्थानों के चुनाव करवाने की कोई मंशा नहीं थी। पिछले डेढ़ साल से भाजपा-गठबंधन सरकार जानबूझकर निकाय और पंचायत चुनावों को टालती रही है। सरकार द्वारा निगमों में मेयर और बाकी निकायों में चेयरमैन के चुनावों में आरक्षण दिए जाने पर इनेलो नेता ने कहा कि भाजपा गठबंधन सरकार नहीं चाहती कि चुनाव हों क्योंकि जनगणना किए बगैर यह संभव ही नहीं है। भाजपा गठबंधन सरकार की आगे भी कोशिश रहेगी कि किसी न किसी बहाने चुनाव टाले जा सकें।
पिछले डेढ़ साल के दौरान भाजपा गठबंधन सरकार के मंत्रियों ने अधिकारियों के साथ मिल कर पंचायत विभाग और निकायों में जम कर लूट मचाई और हजारों करोड़ के घोटाले किए गए। निकायों और ग्रामीण विकास विभाग में लूट का आलम यह था कि जो सरकारी पैसा लोगों के विकास के लिए खर्च किया जाना था उसे कागजों में दिखा कर करोड़ों रूपए का गोलमाल किया गया। पंचायत विभाग के प्रखंड विकास अधिकारी और निकायों के कार्यकारी अधिकारियों समेत कई अधिकारियों के खिलाफ लोगों ने शिकायतें दर्ज की लेकिन सरकार द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई और छोटे कर्मचारियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें बलि का बकरा बना दिया गया और दोषी लोगों को बचाया गया।
दिसंबर 2021 में कैग ने एक रिपोर्ट जारी की थी जिसमें कहा गया था कि 2011-19 के बीच ग्रामीण विकास निधि में एकत्रित 4046 करोड़ रूपए की धनराशि सरकारी खजाने में जमा कराए बिना ही खर्च कर दी गई। शहरों में अमृत योजना के तहत भी बहुत बड़े घोटाले किए गए जिसमें पीने के पानी की और पानी निकासी की पाइपलाइन बिछाने के काम में करोड़ों रूपए के घोटाले किए गए।
इनेलो नेता ने पंचायत विभाग और निकायों में पिछले डेढ़ साल के दौरान किए गए सभी घोटालों की न्यायिक जांच की मांग करते हुए कहा कि जांच में जो असली दोषी हैं उनका पर्दाफाश होगा और सरकार में बैठे रसूखदार घपलेबाजों को सजा दिलाई जा सकेगी।