वैदिक परिवार नें मनाया भक्त फूल सिंह का जन्म दिन

वैदिक परिवार नें मनाया भक्त फूल सिंह का जन्म दिन।

भक्त फूल सिंह नें जगाया शिक्षा का अलख:- घनगस

पानीपत: 24 फरवरी रवि पथ : 

हरियाणा में शिक्षा विशेषकर स्त्री शिक्षा में भक्त फूल सिंह का अहम योगदान है। यह बात हरियाणा सरकार के मीडिया कोऑर्डिनेटर रणदीप घनगस नें सेक्टर 25 में वैदिक परिवार पानीपत द्वारा भक्त फूल सिंह के जन्म दिन के उपलक्ष में आयोजित यज्ञ एवं गोष्ठी में कही। उन्होंने बताया कि भक्त फूल सिंह का जन्म 24 फरवरी 1885 को सोनीपत जिले के माहरा गांव में हुआ और शिक्षा के बाद उन्होंने पटवारी के रूप में काम किया। घनगस नें बताया कि इसी बीच वे आर्य समाज के सम्पर्क में आए और उसी में रच बस गए। उन्होंने नौकरी को त्याग दिया और समाज सेवा के काम मे लग गए। सबसे पहले उन्होंने अपनी जमीन बेचकर उन लोगों का पैसा लौटाया जो उन्होंने नौकरी के दौरान रिश्वत के रूप में लिया था। घनगस नें अपने उद्बोधन में कहा कि भक्त जी नें अनुसूचित जाति के लोगों को कुंओं से पानी दिलाने के लिए 21- 21 दिन तक अनशन किए। जिससे महात्मा गांधी भी उनसे बहुत प्रभावित हुए। उन्होंने वानप्रस्थ आश्रम ग्रहण करके सर्वप्रथम गुरुकुल भैंसवाल की स्थापना की। उसके बाद कन्याओं के लिए कन्या गुरुकुल खानपुर की स्थापना की। जो कि देश का एकमात्र महिला विश्वविद्यालय है।
घनगस नें कहा कि भक्त फूल सिंह नें स्वामी श्रद्धानंद से प्रभावित होकर खूब शुद्धिकरण का कार्य किया। जिससे विधर्मी उनकी जान के दुश्मन हो गए और 1942 में एक विधर्मी द्वारा उनकी हत्या कर दी गई।
भक्त फूल सिंह की स्मृति में वैदिक परिवार द्वारा यज्ञ भी किया गया। मुख्य यज्ञमान रणदीप घनगस थे। इस अवसर पर वैदिक परिवार के महासचिव डॉ राजबीर आर्य, कोषाध्यक्ष अशोक अरोड़ा, दलबीर आर्य, भाजपा जिला मीडिया प्रभारी ईश कुमार राणा, मालती अरोड़ा, प्रमोद शर्मा,संजय जैन, विशाल गोस्वामी, दयानंद खुंगर, दीपक शर्मा,प्रदीप उपाध्याय आदि उपस्थित थे।