गीता केवल एक ग्रंथ नहीं बल्कि संपूर्ण जीवन दर्शन है : महापौर गौतम सरदाना

गीता केवल एक ग्रंथ नहीं बल्कि संपूर्ण जीवन दर्शन है : महापौर गौतम सरदाना

हिसार, 12 दिसंबर  रवि पथ :

महापौर गौतम सरदाना ने कहा कि गीता केवल एक ग्रंथ न होकर संपूर्ण जीवन दर्शन है। इसका संदेश न केवल जीवन के विकारों को दूर करता है बल्कि रोजमर्रा की भागदौड़ भरे जीवन को सुगम बनाने का रास्ता भी सुझाती है। गीता में मानव जीवन की सभी शंकाओं का समाधान भी मिलता है। वे स्थानीय राजकीय पीजी कॉलेज में रविवार से आरंभ हुए जिला स्तरीय गीता महोत्सव के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि गीता ग्रंथ में भगवान श्रीकृष्ण ने जीवन की तमाम परेशानियों और समस्याओं के समाधान का मूल मंत्र मानव मात्र को दिया है। गीता का ज्ञान जीवन में समस्त समस्याओं का नाश करता है। आज हर व्यक्ति जीवन में अनेक प्रकार की परेशानियों से जूझ रहा है। यदि हम गीता ग्रंथ का अध्ययन करें तो हमें जीवन की तमाम समस्याओं का समाधान इसके माध्यम से प्राप्त हो सकता है। हर व्यक्ति के लिए जीवन में गीता का ज्ञान प्राप्त करना बहुत जरूरी है। आमजन तक गीता ज्ञान को पहुंचाने के लिए वर्तमान प्रदेश सरकार ने इसे अंतर्राष्टï्रीय स्वरूप प्रदान किया है।
लोक कलाकारों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की दी प्रस्तुति
सूचना, जन संपर्क एवं भाषा विभाग के लोक कलाकारों ने गीता जयंती महोत्सव में शानदार रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इन कार्यक्रमों में गीता भजन, गीता पाठ, गीता श£ोकोच्चारण शामिल हैं।

पारंपरिक वाद्य यंत्र व कलाकार रहे आकर्षण का केंद्र, नृत्य कर झुमें युवा
जिला स्तरीय समारोह के दौरान पारंपरिक वेशभूषा में आए लोक कलाकार तथा परंपरागत वाद्य यंत्र आकर्षण का केंद्र रहे। मुख्य द्वार पर बनचारी तथा नगाड़ा की धुनों पर युवा झूमते दिखे।
इस अवसर पर हिसार के विधायक डॉ कमल गुप्ता, अतिरिक्त उपायुक्त एवं गीता जयंती महोत्सव के नोडल अधिकारी स्वप्निल रविंद्र पाटिल, नगराधीश विजया मलिक, जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी सुरेंद्र सिंह सैनी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों, संगठनों एवं संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।